केंद्रीय
गृह मंत्री श्री राजनाथ सिंह ने कहा कि देश की अर्थव्यवस्था में सहकारी
बैंकों की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। यह बात उन्होंने आज लखनऊ में उत्तर
रेलवे बहुराज्य प्राइमरी सहकारी बैंक की 100वीं जयंती से जुड़े समारोह के
अवसर पर कही। बैंकों के सामान्यीकरण को लेकर सरकार द्वारा की गई पहलों का
जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के
नेतृत्व में बैंकों के सामान्यीकरण की दिशा में विशेष उपलब्धि अर्जित की गई
है। उन्होंने कहा कि अब तक बैंकों का राष्ट्रीयकरण तो किया गया, लेकिन
उसका फायदा आम जनता को नहीं मिल पा रहा था। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र
मोदी के कार्यकाल में बैंकों का सामान्यीकरण कर इसी कमी को पूरा करने की
कोशिश की जा रही है। सरकार द्वारा प्रधानमंत्री जन धन खाता योजना के तहत आम
लोगों का बैंक खाता खुलवाना बैंकों के सामान्यीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण
कदम है।
गृह मंत्री ने कहा कि गरीब आदमी को अब छोटी उधारियों के लिए साहूकारों के
सामने हाथ नहीं फैलाना होगा। अगर किसी का जन धन खाता है और वह उसमें कम
राशि भी जमा कर रहा है, तो जरूरत पड़ने पर वह बैंक से 10 हजार रुपये तक का
ओवरड्राफ्ट ले सकता है। गृह मंत्री ने कहा कि जो लोग बैंकों से उधार लेकर
विदेश भाग जाते हैं, उनसे धन वसूली के लिए सरकार ने एक अध्यादेश जारी किया
है। उन्होंने कहा कि जनता की गाढ़ी कमाई के साथ किसी को खिलवाड़ करने की
अनुमति नहीं दी जाएगी। श्री राजनाथ सिंह ने कहा कि जमा और निकासी करने से
अर्थव्यवस्था को आगे बढ़ाने में मदद मिलती है।
उन्होंने कहा कि उत्तर रेलवे बहुराज्य प्राइमरी सहकारी बैंक देश का संभवतः
सबसे पुराना सहकारी बैंक है। गृह मंत्री ने रेल को देश की जीवन रेखा बताते
हुए कहा कि वह कर्मचारियों से जुड़ी समस्याओं के निपटान में हरसंभव मदद
करेंगे। इस मौके पर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री श्री बृजेश पाठक और महापौर
श्रीमती सन्युक्ता भाटिया सहित अनेक वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।
गृहमंत्री
श्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि कौशल भारत सशक्त भारत के तहत देश के युवाओं
को बड़ी संख्या में रोजगार मुहैया कराया जा रहा है। लखनऊ में रोजगार मेले का
उद्घाटन करते हुए गृहमंत्री ने कहा कि देश के 450 केन्द्रों पर इस प्रकार
के रोजगार मेले लगाए गए हैं। उन्होने कहा कि आज लखनऊ में रोजगार मेले के
तहत 8 हजार से भी ज्यादा युवाओं को रोजगार दिया जाएगा जो एक बड़ी उपलब्धि
है।
प्रधानमंत्री
के विजन की प्रशंसा करते हुए श्री राजनाथ सिंह ने कहा कि युवा शक्ति का
इस्तेमाल देश के विकास में करने के लिए उन्होने कौशल विकास, स्टार्ट अप और
स्टैंड अप इंडिया जैसे कार्यक्रमों की शुरुआत की। उन्होने कहा कि युवाओं को
कुशल बनाकर उन्हें रोजगार देने की इस प्रक्रिया में निजी क्षेत्र से
महत्वपूर्ण सहयोग प्राप्त हो रहा है।
उन्होने कहा
कि सभी को सरकारी नौकरी संभव नहीं है लेकिन उनकी प्रतिभा का विकास कर
उन्हें रोजगार देना संभव है। गृहमंत्री ने कहा कि देश में मानव संसाधन की
कमी नहीं है। देश की कुल आबादी का 62 फीसद उन लोगों का है जिनकी आयु 25
वर्ष या उससे कम है।
उन्होने कहा
कि भारत आज दुनिया की सबसे तेजी से विकास करती अर्थव्यवस्था वाला देश है।
इसमें सभी का योगदान है। युवाओं का योगदान खासतौर पर है। उन्होने कहा कि
प्रधानमंत्री ने 2022 तक सभी को मकान देने की बात कही है। रोजी रोटी और
मकान लोगों की बुनियादी जरूरत है जिसे सरकार पूरा करेगी। उत्तर प्रदेश की
चर्चा करते हुए गृहमंत्री ने कहा कि यहां रोजगार की अपार संभावनाएं हैं।
उन्होने कहा
कि प्रदेश सरकार द्वारा शुरू एक जनपद एक उत्पाद योजना के बेहतर नतीजे सामने
आए हैं। श्री राजनाथ सिंह ने कहा कि कौशल विकास के जरिये जब लोगों को
रोजगार मिलेगा तब उनका पलायन रुकेगा। उन्होने कहा कि सरकार मुद्रा योजना के
तहत 10 लाख तक का कर्ज बगैर किसी जमानत के देती है। देश में साढ़े छह करोड़
लोगों को इस योजना का पहली बार फायदा हुआ है।
गृहमंत्री ने
इस अवसर पर कौशल विकास के तहत प्रशिक्षित युवाओं को सिलाई मशीन जैसे उपकरण
दिए। उन्होने रोजगार मेले में सफल पाये गए युवाओं को रोजगार पत्र भी दिया।